स्व. श्री रामसिंह भाटी एवं उनका परिवार


आपका जन्म श्री प्रतापजी सन्त जालोरियों का बास, जोधपुर में हुआ। प्रतापजी के पूर्वज ग्राम रोल जिला नागौर से उठकर चौखा आ गये। वहाँ से जालोरियों के बास में रहने लगें। फिर 1955 में भाटी चौराहा पर आ गये। श्री प्रतापजी भाटी व्यवसाय हेतु सन् 1898 में पूर्वी अफ्रीका के केन्या की राजधानी नैरोबी चले गये थे। वहाँ जोधपुर वासियों के सामाजिक एकीकरण हेतु कोई स्थान नहीं था। जोधपुर के महाराजा सुमेरसिंह जी के देहावसान पर 03.10.1918 को शोक सभा के आयोजन हेतु प्रतापजी ने एक भूखंड दिया तथा बाद में उसी पर प्रथम हिन्दू राम मन्दिर का निर्माण 1906 में करवाया। धार्मिक मनोवृति के कारण प्रतापजी सन्त के रूप में प्रसिद्ध हो गये।

श्री रामसिंह जी भाटी युवावस्था में नैरोबी, केन्या में अपने पिता के व्यवसाय को देखने चले गये। श्री भाटी ने नैरोबी में व्यवसायिक क्षेत्र में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त करके धन और सामाजिक यश-प्रतिष्ठा अर्जित की। परिणाम स्वरूप उनका निवास स्थल रातानाडा भाटी चौराहे के नाम से प्रख्यात हो गया। नगर-निगम ने भी भाटी चौराहा को मान्यता दे दी हैं। चौराहे का सौन्दर्यकरण किया गया। इस चौराहे पर श्री रामसिंह जी की मूर्ति भी लगाई जा रही है।

भामाशाह पुरस्कार:- श्रीमती हीरादेवी पत्नी स्व.श्री रामसिंहजी भाटी ने राजकीय बालिका माध्यमिक विद्यालय, रातानाड़ा, जोधपुर के भवन निर्माण के कार्य में लगभग पौने तीन लाख रूपयें तथा उनके पुत्र श्री जगदीश भाटी ने इसी विद्यालय के भवन निर्माण तथा फर्नीचर के लिए एक लाख पाँच हजार का सहयोग प्रदान किया। परिणाम स्वरूप माता तथा पुत्र दोनों को ही राजस्थान सरकार ने 28 जून, 1996 को राज्य स्तरीय भामाशाह सम्मान तथा प्रशस्ति-पत्र प्रदान किया।

श्रीमती हीरादेवी की प्रेरणा से श्री ओम प्रकाश जी भाटी एवं हीरादेवी के परिवार ने सुमेर सीनियर सैकण्डरी स्कूल के प्रागंण में अपने पिता तथा पितामह की पुण्य स्मृति में भाटी रामसिंह जी प्रताप जी सन्त मेमोरियल हॉल का निर्माण लगभग 60 लाख रूपयें की राशि देकर करवाया है। यह राषि उन्होंने अपनी निजी आय से दी थी। 120 ग् 40 वर्ग फीट जमीन पर निर्मित दो मंजिला हॉल का उपयोग सम्मेलन, सभा तथा सामाजिक, साँस्कृतिक, वैवाहिक कार्यक्रमों के लिए किया जाता हैं। यह हॉल विभिन्न कार्यक्रमों के आयोजन के लिए काफी सुविधाजनक रहता है। उनका यह योगदान जोधपुर के अन्य प्रवासी भारतीयों के लिए प्रेरणादायक हैं।